मवई में ऑनलाइन गेमिंग के नाम पर करोड़ों की साइबर ठगी का भंडाफोड़, कॉल सेंटर चलाने वाले दो आरोपी गिरफ्तार
PLAYERS77.COM के जरिए गेम में निवेश का झांसा देकर ठगे जाते थे रुपये, रिफंड के नाम पर भी वसूली,11 हजार गेमिंग आईडी-पासवर्ड, छह मोबाइल, टैबलेट बरामद; 63 लाख रुपये बैंक खातों में फ्रीज।

मवई संवाददाता ! अयोध्या पुलिस ने ऑनलाइन गेमिंग और ट्रेडिंग के नाम पर साइबर ठगी करने वाले गिरोह का पर्दाफाश करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है।आरोपी PLAYERS77.COM नामक वेबसाइट के जरिए लोगों को ऑनलाइन गेम में निवेश का लालच देकर ठगी करते थे। गेम में रुपये लगाने के बाद न तो रकम वापस करते थे और न ही जीती हुई राशि का भुगतान। उल्टे टैक्स, सर्विस चार्ज और अन्य शुल्क के नाम पर और रुपये वसूलकर लोगों को चूना लगाते थे। पुलिस ने कार्रवाई के दौरान आरोपियों के बैंक खातों में 63 लाख रुपये फ्रीज कराए हैं।वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डा0 गौरव ग्रोवर के निर्देशन में साइबर क्राइम थाना और मवई थाना पुलिस की संयुक्त टीम ने बुधवार तड़के मवई चौराहे के पास हाईवे किनारे बस स्टॉप से दो आरोपियों को गिरफ्तार किया। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान अकील अहमद उर्फ उर्फी (27) निवासी बसौढ़ी, थाना पटरंगा (अयोध्या) तथा अमन खान (22) निवासी ककरहाबाद, थाना कोतवाली नगर (उन्नाव) के रूप में हुई है। पुलिस के मुताबिक दोनों फरार होने की फिराक में थे।यह कार्रवाई साइबर क्राइम थाना और मवई थाना पुलिस की संयुक्त टीम ने क्षेत्राधिकारी रुदौली एवं क्षेत्राधिकारी साइबर क्राइम के मार्गदर्शन में की।
मवई चौराहे पर अपने घर में चल रहा था फर्जी कॉल सेंटर
जांच में सामने आया कि अकील अहमद मवई चौराहे के पास अपने घर में कॉल सेंटर संचालित करता था। यहां से व्हाट्सएप कॉल और सामान्य फोन कॉल के माध्यम से लोगों को ऑनलाइन गेमिंग में मोटा मुनाफा मिलने का झांसा दिया जाता था। गेम में पैसा लगाने के बाद रिफंड या निकासी के नाम पर टैक्स, प्रोसेसिंग फीस और सर्विस चार्ज मांगकर साइबर ठगी की जाती थी।
11 हजार लोगों का डेटा मिला
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से छह एंड्रॉयड मोबाइल, एक टैबलेट, चार्जर और डेटा केबल बरामद किए हैं। इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस की जांच में करीब 11 हजार लोगों की गेमिंग आईडी, पासवर्ड, निवेश और निकासी (विद्ड्रॉल) का रिकॉर्ड मिला है। मोबाइल फोन से व्हाट्सएप चैट और कॉलिंग का भी विवरण मिला है, जिनका उपयोग साइबर अपराध में किया जाता था।
63 लाख रुपये फ्रीज, बैंक खातों की जांच जारी
पुलिस के अनुसार आरोपी अकील अहमद के विभिन्न बैंक खातों की जांच में एक बैंक ऑफ बड़ौदा खाते में छह लाख रुपये तथा एक एचडीएफसी बैंक खाते में 57 लाख रुपये फ्रीज कराए गए हैं। खातों में हुए लाखों रुपये के लेनदेन की जांच की जा रही है। पुलिस को एनसीआरपी पोर्टल पर भी आरोपी के खाते से संबंधित साइबर ठगी की शिकायतें मिली हैं।पुलिस ने बताया कि गिरोह का एक अन्य सदस्य सुफियान अभी फरार है, जिसकी तलाश की जा रही है। दोनों गिरफ्तार आरोपियों के खिलाफ थाना मवई में भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) और आईटी एक्ट की संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर न्यायालय भेज दिया गया है।
आधा दर्जन से अधिक लोग इस गिरोह में शामिल
मवई चौराहे से संचालित ऑनलाइन गेमिंग के नाम पर साइबर ठगी का ये खेल काफी दिनों से चल रहा था,सूत्र बताते है इस गिरोह मवई क्षेत्र के बसौड़ी हुनहुना मोहम्मदपुर मवई चौराहा सहित कई गांवो के आधा दर्जन से अधिक लोग शामिल रहे।सूत्र यहां तक बताते है कि मामले में पुलिस ने 3-4 लोगों को।उठाकर पूँछताक्ष की थी,लेकिन दो लोगों पर कार्यवाही की है।

