राजस्थान के टोंक में आतंकी कनेक्शन! बासित की निशानदेही पर बुरहान भी हिरासत में, जैश-ए-मोहम्मद से जुड़े होने का शक
राजस्थान के टोंक में बड़ा एक्शन करते हुए एंटी-टेररिज्म स्क्वाड (ATS) ने आतंकी कनेक्शन के…
<span class="img-name">टोंक से बासित और बुरहान नाम के दो संदिग्ध पकड़े गए। </span> <span class="img-source">Image Source : ANI </span>
राजस्थान के टोंक में बड़ा एक्शन करते हुए एंटी-टेररिज्म स्क्वाड (ATS) ने आतंकी कनेक्शन के शक में 2 संदिग्धों को पकड़ा है। जयपुर ATS और स्टेट इंटेलिजेंस की इनपुट के आधार पर की गई इस कार्रवाई में एजेंसी ने पहले बासित नाम के युवक को हिरासत में लिया और फिर उसकी निशानदेही पर दूसरे युवक बुरहान को पकड़ा है। जांच एजेंसियों को आशंका है कि हिरासत में लिए गए युवकों के तार पाकिस्तान आधारित आतंकी संगठन जैश-ए-मोहम्मद से जुड़े हो सकते हैं।
पाकिस्तानी हैंडलर के संपर्क में होने का शक
जानकारी के मुताबिक ATS और स्टेट इंटेलिजेंस की टीम ने सबसे पहले 20 साल के बासित को हिरासत में लिया था। बासित से हुई कड़ी पूछताछ और मिले अहम इनपुट के आधार पर एटीएस ने टोंक के कार बाजार के पास दबिश देकर बुरहान नाम के दूसरे युवक को भी हिरासत में ले लिया। कार्रवाई के दौरान क्षेत्र में भारी पुलिस बल तैनात रहा। दोनों संदिग्धों के पाकिस्तानी हैंडलर के संपर्क में होने का शक है।
बैंक पासबुक, ATM और इलेक्ट्रिक स्कूटी के पुर्जे जब्त
कार्रवाई के बाद कोतवाली पुलिस और जांच एजेंसियों ने बासित के घर पर सर्च ऑपरेशन चलाया। पुलिस ने तलाशी के दौरान घर में रखे एटीएम कार्ड, बैंक पासबुक और एक इलेक्ट्रिक स्कूटी के कुछ पुर्जे जब्त किए हैं। बासित के पिता हाफिज ने बताया कि वे धन्नातलाई इलाके में ढाबा चलाते हैं और बासित भी उनके साथ ही काम करता है।
जून में अरेस्ट हुई थी जयपुर की बबीता धाकड़
इससे पहले जून में राजस्थान ATS ने मिलिट्री इंटेलिजेंस से मिली खुफिया जानकारी के आधार पर पाकिस्तान स्थित जैश-ए-मोहम्मद से संबंधों के आरोप में जयपुर की रहने वाली बबीता धाकड़ को गिरफ्तार किया था। उसे खदीजा नाम से भी जाना जाता था। जांचकर्ताओं का आरोप था कि बबीता धाकड़ सोशल मीडिया और मैसेजिंग प्लेटफॉर्म के जरिए आतंकवादी संगठन से जुड़े लोगों के संपर्क में थी। जांच के तहत उसके इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस और ऑनलाइन बातचीत की जांच की गई थी।बहावलपुर हेडक्वार्टर में बैठा व्यक्ति बबीता से चैट कर रहा था। एटीएस की जांच के मुताबिक, बबीता का WhatsApp और अन्य सोशल मीडिया अकाउंट्स पाकिस्तान से ऑपरेट हो रहे थे। उसने अपने सिम का पासवर्ड पाकिस्तान में हैंडलर को दे दिया था।

