यूपीः 3 साल की बच्ची पहुंची थाने, बोली, ‘मम्मी मुझे स्कूल नहीं भेजतीं, भाई का ज्यादा ध्यान देती हैं

उत्तर प्रदेश के संतकबीर नगर जिले के पचपोखरी गांव से हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है. जैसा कि सभी जानते है की एक माँ के लिए सभी बच्चे बराबर होते है और वो सबको एक समान प्यार करती है. तो गौर करने वाली ये है कि इस 3 साल की छोटी सी बच्ची के मन में ये कैसे आ गया कि उसकी माँ उससे प्यार नहीं करती है और छोटे भाई को ज्यादा प्यार करती है. आपको बता दें कि पचपोखरी गांव में एक 3 साल की छोटी बच्ची फ़लक रहती है. फलक के पापा मज़दूरी का काम करते हैं. फ़लक अपने मम्मी-पापा की पहली संतान है. हल में ही फ़लक का एक छोटा भाई हुआ है जो अभी 7 महीने का है.

बच्ची की बात सुनकर हैरान हुए पुलिस अधिकारी

बता दें कि बीते दिन सोमवार (17 दिसंबर) को फ़लक घर से बाहर निकल गई और रास्ते में एक महिला से पूछा- ‘पुलिस का घर कहां है?’. इसके बाद फ़लक शाम को पचपोखरी पुलिस चौकी पहुंची. जहां उसने सब-इंस्पेक्टर जीतेंद्र यादव को बताया, ‘मेरी अम्मी मुझे स्कूल नहीं भेजती. मुझे घास के बिस्तर पर सुलाती है. मुझे मारती है. मेरे भाई को ज़्यादा प्यार करती है. मुझे स्वेटर व जूते पहनने को नहीं देती. आप घर आकर उनको डांट दो’. फ़लक की बातें सुनकर वहां के पुलिस अधिकारी हैरान रह गए. पुलिस वालों को लगा कि एक तो इतनी छोटी सी बच्ची ख़ुद इतनी दूर चलकर उनके पास आई है और इतनी बेबाकी से उनसे बात कर रही है. सोचनेवाली बात ये है कि घर पर उसके साथ ऐसा क्या हो रहा होगा कि उसने ये कदम उठाने का सोचा.

बच्ची की माँ को पुलिस ने समझाया और फिर अगले दिन….

सब-इंस्पेक्टर जीतेन्द्र यादव वहां के कुछ गांव वालों के साथ फ़लक़ के घर पहुंचे. सब-इंस्पेक्टर जीतेन्द्र यादव से फ़लक की अम्मी आसमां ख़ातून ने बताया- ‘फ़लक मुझसे बहुत नाराज़ है. क्योंकि मुझे उसके छोटे भाई पर ज़्यादा ध्यान देना पड़ता है’. सब-इंस्पेक्टर जीतेन्द्र यादव ने काफी समय तक आसमां ख़ातून से बातचीत की और उन्हें समझाया कि बच्ची को स्कूल भेजा करें और दोनों बच्चों पर बराबर ध्यान दिया करें. इसके बाद उन्होंने फ़लक को उनके पास वापस लौटा दिया. बुधवार 19 दिसंबर को सब-इंस्पेक्टर जीतेन्द्र यादव फिर से फ़लक के घर गए उसका हालचाल जानने के लिए. उन्होंने देखा कि फ़लक अभी भी ख़ुश नहीं है. इतनी कड़ाके की ठंड में भी फ़लक ने गरम कपड़े या स्वेटर नहीं पहने है. फ़लक ने अपने छोटे भाई की तरफ़ इशारा करते हुए कहा- ‘अम्मी ने बाबू (भाई) को स्वेटर पहना रखा है पर मुझे नहीं’. सब-इंस्पेक्टर जीतेन्द्र यादव ने फ़लक को बाज़ार ले जाकर अपने पैसों से स्वेटर ख़रीदकर दिया

सब–इंस्पेक्टर ने बच्ची को लेकर कहा

सब-इंस्पेक्टर जीतेंद्र यादव ने कहा- ‘मै इस बात से बहुत ख़ुश हूं कि ये छोटी सी बच्ची ख़ुद मेरे पास चलकर आई और अपने साथ हो रही नाइंसाफ़ी को मुझे बताया’. हालांकि, आमतौर पर छोटे बच्चे पुलिस से डरते हैं और उनके पास नहीं आना चाहते. मासूम बच्ची की शिकायत की संवेदना को समझते हुए पुलिस बच्ची को लेकर उसके घर पहुंची और मां-पिता से बच्ची की शिकायत को लेकर पूछताछ की. साथ ही पुलिस ने फलक का उत्पीड़न नहीं करने की हिदायत देकर उनकी काउंसलिंग की. मासूम की शिकायत का मामला पूरे जिले में चर्चा का विषय बना हुआ है.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !! © KKC News