48 घंटे में खुला बिजली तार चोरी का संगठित गिरोह, सीओ आशीष निगम की रणनीति से रुदौली पुलिस को बड़ी कामयाबी

रुदौली (अयोध्या)। विद्युत तार चोरी की बढ़ती घटनाओं पर रुदौली पुलिस ने सख्त प्रहार करते हुए महज 48 घंटे के भीतर संगठित तार चोर गिरोह का पर्दाफाश कर दिया। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. गौरव ग्रोवर के निर्देशन और रुदौली क्षेत्राधिकारी आशीष निगम की प्रभावी मॉनिटरिंग में कोतवाली रुदौली पुलिस ने पांच शातिर अभियुक्तों को गिरफ्तार कर करीब पांच लाख रुपये कीमत का चोरी का माल बरामद किया है। इस कार्रवाई को ऑपरेशन त्रिनेत्र की बड़ी सफलता माना जा रहा है।

प्रभारी निरीक्षक अपराध शत्रुघन यादव ने बताया कि 27/28 दिसंबर की रात मीसा गांव से गौहन्ना गांव तक करीब दो किलोमीटर लंबी 33 केवीए विद्युत लाइन चोरी कर ली गई थी, जो सोहावल से रुदौली उप विद्युत केंद्र को आपूर्ति करती थी। इस संबंध में उपखंड अधिकारी राजेश कुमार माथुर की तहरीर पर 2 जनवरी को कोतवाली रुदौली में मुकदमा दर्ज किया गया। इसके बाद सीओ आशीष निगम के निर्देशन में प्रभारी निरीक्षक संजय मौर्य के नेतृत्व में विशेष पुलिस टीम गठित की गई।पुलिस टीम ने अभियान त्रिनेत्र के तहत लगाए गए सीसीटीवी कैमरों की फुटेज, तकनीकी साक्ष्य और मुखबिर तंत्र को सक्रिय किया। सटीक रणनीति के चलते रविवार रात 1:10 बजे भेलसर–शुजागंज मार्ग पर बनगावां तिराहे के पास से आरोपियों को मय चोरी के माल व पिकअप वाहन के साथ धर दबोचा गया। गिरफ्तार अभियुक्तों में मनीष पाण्डेय, कृष्ण कुमार, गंगादीन, मनोज यादव और आशीष साहू शामिल हैं।
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मुख्य आरोपी मनीष पाण्डेय का आपराधिक इतिहास भी सामने आया है।पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 33 केवी एल्युमिनियम तार के 13 बंडल, फेस केबल, एलटी एबीसी केबल, बिजली उपकरण, कटर, आरी, मोबाइल फोन और पिकअप वाहन बरामद किया है। सीओ आशीष निगम की सतत निगरानी और योजनाबद्ध कार्रवाई से न केवल बड़ी चोरी का खुलासा हुआ, बल्कि क्षेत्र में सक्रिय विद्युत चोर गिरोहों में भी हड़कंप मच गया है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि इस तरह की सख्त कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी।

